नई दिल्ली — सितंबर 2026 में 10वें इंडिया मोबाइल कांग्रेस (IMC) का उद्घाटन हुआ, जहां केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने इस आयोजन की थीम का अनावरण किया और भारतीय प्रौद्योगिकी कंपनियों को वैश्विक बाजारों में विस्तार प्रदान करने के लिए एक नई मंच (प्लेटफॉर्म) की शुरुआत की।
थीम और मंच का शुभारंभ
न्यूज़ ऑन AIR की रिपोर्ट के अनुसार, एक प्रेस ब्रीफिंग में सिंधिया ने कांग्रेस की थीम को “विकसित टेक 47” घोषित किया, जो राष्ट्र की स्वतंत्रता के 47वें वर्ष और स्वदेशी प्रौद्योगिकी क्षमताओं के विकास की दिशा में किए जा रहे प्रयासों का संकेत है। मंत्री ने कहा कि यह थीम सरकार के उस संकल्प को दर्शाती है, जिसका उद्देश्य एक स्वतंत्र और आत्मनिर्भर डिजिटल पारिस्थितिकी तंत्र को प्रोत्साहित करना है।
इकोनॉमिक टाइम्स के अनुसार, उसी दिन आयोजकों ने “विकसित टेक 47” मंच का शुभारंभ किया, जो एक डिजिटल बाजार है जिसका उद्देश्य भारतीय स्टार्ट-अप्स, शोध संस्थानों और स्थापित कंपनियों को अंतर्राष्ट्रीय निवेशकों और खरीदारों से जोड़ना है। इस मंच पर 5जी, कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI), इंटरनेट ऑफ थिंग्स (IoT) और साइबर सुरक्षा के क्षेत्र में उभरते समाधानों का एक चुनिंदा प्रदर्शन होगा, जिसका लक्ष्य निर्यात-योग्य उत्पादों को तेजी से बाजार में लाना है।
भाग लेने वालों की संख्या
मनीकंट्रोल की रिपोर्ट के अनुसार, 2026 संस्करण में बहुविध वर्गों के प्रतिभागियों ने भाग लिया, जिनमें बहुराष्ट्रीय टेलीकॉम ऑपरेटर, डिवाइस निर्माता, सॉफ्टवेयर डेवलपर्स और वेंचर कैपिटल फर्म शामिल हैं। इस आयोजन में एक विस्तृत प्रदर्शनी क्षेत्र, एक श्रृंखला प्रमुख वक्ताओं की बैठकें (कीनोट सेशन) और सीमा पार सहयोग को प्रोत्साहित करने के लिए B2B मैचमेकिंग बैठकों का आयोजन किया गया।
मनीकंट्रोल की कवरेज के अनुसार, 70 से अधिक देशों के प्रतिनिधिमंडल मौजूद थे, जिससे यह स्पष्ट होता है कि यह कांग्रेस मोबाइल और डिजिटल प्रौद्योगिकियों पर वैश्विक संवाद के केंद्र के रूप में कार्य करती है। आयोजकों ने उल्लेख किया कि इस आयोजन की कार्ययोजना भारत के व्यापक डिजिटल रूपांतरण एजेंडा से अनुरूप है, जिसका लक्ष्य सार्वभौमिक ब्रॉडबैंड पहुंच, 5जी रोलआउट का विस्तार और सार्वजनिक सेवाओं में AI के एकीकरण को सुनिश्चित करना है।
कांग्रेस से जुड़े सरकारी प्रयास
“विकसित टेक 47” के शुभारंभ ने हाल के महीनों में घोषित किए गए कई सरकारी कार्यक्रमों के साथ एकता स्थापित की है। इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) ने घरेलू चिप डिजाइन और निर्माण के लिए प्रोत्साहन प्रदान करने की प्रक्रिया शुरू की है, जबकि टेलीकॉम विभाग (DoT) 5जी सेवाओं के लिए स्पेक्ट्रम आवंटन जारी रख रहा है। अधिकारियों ने संकेत दिया कि यह मंच कंपनियों के लिए इन प्रोत्साहनों तक पहुंचने और निर्यात के लिए नियामक मार्गों को समझने के लिए एक माध्यम के रूप में कार्य करेगा।
शिंदिया ने जोर दिया कि यह मंच सरकारी अनुदान, कर लाभ और अंतरराष्ट्रीय बाज़ार की जानकारी प्राप्त करने के इच्छुक स्टार्टअप्स के लिए एक “सिंगल-विंडो” इंटरफ़ेस प्रदान करेगा। उन्होंने यह भी जोड़ा कि इस पहल से रोज़गार के अवसरों का सृजन होगा और वैश्विक आपूर्ति श्रृंखलाओं में भारतीय मूल की तकनीक का हिस्सा बढ़ेगा।
उद्योग की प्रतिक्रिया
प्रमुख टेलीकॉम ऑपरेटरों और डिवाइस निर्माताओं के प्रतिनिधियों ने इस कांग्रेस के दौरान पायलट परियोजनाओं और संयुक्त उद्यमों की घोषणा की। हालाँकि, विशिष्ट सौदों के मूल्य प्रकट नहीं किए गए, लेकिन इकोनॉमिक टाइम्स के अनुसार, कई कंपनियों ने स्वास्थ्य, कृषि और स्मार्ट सिटीज जैसे क्षेत्रों में अगली पीढ़ी के 5G उपयोग मामलों का परीक्षण करने का वादा किया है।
मनीकंट्रोल द्वारा उद्धृत उद्योग विश्लेषकों ने अवलोकन किया कि IMC पर वैश्विक खिलाड़ियों की उपस्थिति भारत के बाज़ार के आकार और उसके नियामात्मक वातावरण में विश्वास का संकेत है। विश्लेषकों ने उल्लेख किया कि “विकसित टेक 47” मंच स्वदेशी समाधानों के वाणिज्यीकरण को सरल बना सकता है, जिससे आयातित तकनीक पर निर्भरता कम होगी।
आगे की दिशा
आयोजकों ने कहा कि 2026 की कांग्रेस के परिणामों को एक पोस्ट-इवेंट रिपोर्ट में संकलित किया जाएगा, जो नीतिगत समायोजनों और भविष्य की निवेश प्राथमिकताओं के निर्धारण में सहायक होगी। रिपोर्ट में गठित साझेदारियों की संख्या, घोषित वेंचर फंडिंग का حجم और भारत की डिजिटल GDP योगदान पर प्रक्षेपित प्रभाव का विस्तार से वर्णन होने की उम्मीद है।
स्वदेशी नवाचार पर केंद्रित थीम और वैश्विक पहुँच के लिए एक समर्पित मंच के शुभारंभ के साथ, 10वीं इंडिया मोबाइल कांग्रेस देश की प्रगतिशील डिजिटल रूपांतरण प्रक्रिया के लिए एक उत्प्रेरक के रूप में अपनी पहचान बना रही है।